यह है आतंकवाद का वह घिनौना चेहरा

यह है आतंकवाद का वह घिनौना चेहरा

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‎Sadique Anwer‎
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पूरी दुनिया के मुसलमानों, मदरसों, मस्जिदों से इस्लाम के नाम पर हो रहे आतंकवाद पर आवाज़ उठाया गया उठाया जा रहा है और खुद ग्रहमंत्री राजनाथ सिंह कई बार बोल चुके हैं कि भारत के मुसलमान आईस जैसे आतंकी संगठन में शामिल नहीं है लेकिन 2014 के बाद हिंदू धर्म, गाय और मंदिर के नाम पर लगातार बढ़ रहे हिंदू आतंकवाद पर सब चुप हैं यह हिंदू और संघी आतंकियों ने तो आईएस जैसे खूंखार आतंकी संगठन को भी मात दे दिया आपको याद होना चाहिए कि यही आतंकवादी और ब्राह्मण आतंकी संगठनों और इनके सदस्यों ने 1984 में हजारों सिखों की दर्दनाक हत्या की थी उनको जिंदा जला दिया था और यही लोग थे जो हिंदू धर्म के नाम पर गुजरात में आतंकवाद का वह नंगा नाच दिखाया था कि धर्म तो छोड़ो इंसानियत शर्मसार हो गई थी बेगुनाह लोगों को जिंदा जला दिया था बूढ़ों को तलवारों से काटा था औरतों यहां तक कि छोटी बच्चियों और बूढ़ी औरतों तक का बलात्कार किया यहीं नहीं बल्कि दरिंदगी और हैवानियत की सारी हदें पार करते हुए छोटे छोटे मासूम बच्चों तक को कुचल दिया पत्थरों पर पटक दिया था रुकिए अभी खत्म नहीं हुआ इन हैवानियत और शैतानों के पुजारियों ने वहशी दरिंदों ने हामिला औरतों के हमल को त्रिशूल से काट काटकर आग में फेंका और जलाया था।
लेकिन ना तो कोई हिंदू धर्म का ठेकेदार ना कोई शंकराचार्य ना जगतगुरू ना किसी मंदिर या मठ से उसके खिलाफ आवाज उठी आवाज तो छोड़ो किसी ने निंदा तक नहीं की।
यह सिलसिला आज भी जारी है जी हाँ आज भी पूना के मोहसिन शेख की हत्या हिंदू संगठनों द्वारा हो या फिर अख़लाक की हत्या हिंदू आतंकी भीड़ द्वारा हो या फिर झारखंड, मध्य प्रदेश, राजस्थान, उत्तर प्रदेश हो या बिहार अब तक गाय के नाम पर सेंकड़ों मुसलमानों की हिंदू आतंकवादी भीड़ ने पीट पीट कर हत्या कर दी रमजान में रोजेदार जुनैद की चाकुओं से गोद गोदकर हत्या कर दी भरी हुई ट्रेन में लेकिन बचाना तो दूर किसी ने निंदा तक नहीं की कुछ दिन पहले इसी तरह दिल्ली में एक भरी बस में एक मुस्लिम लड़के को चाकू मारकर उसकी हत्या कर दी अभी एक वीडियो सोशल मीडिया पर गर्दिश कर रहा कि हिंदू आतंकवादियों ने एक मुस्लिम किसान को जिंदा जला दिया।
यह कोई किस्सा कहानी नहीं गांधी जी की हत्या से शुरू हुए हिंदू आतंकवाद का घिनौना सच है लेकिन एक सच यह भी है अगरचे कड़वा है वह यह है कि बहुसंख्यक समुदाय का एक तबका ना सिर्फ ऐसे आतंकियों का बचाव करता है बल्कि समर्थन भी करता है।
जो लोग कहते हैं हर आतंकवादी मुसलमान होता है वह इसे पढ़ें और अगर आत्मा धर्म इंसानियत नाम की कोई चीज बची है तो जरूर गौर करें कि आतंकवादी कौन है और आतंकवाद का समर्थक कौन है ?
जय हिंद