बिहार : JDU का लगा ज़ोर का झटका : विधायक सरफ़राज़ ने दिया विधानसभा की सदस्यता से इस्तीफ़ा

बिहार : JDU का लगा ज़ोर का झटका : विधायक सरफ़राज़ ने दिया विधानसभा की सदस्यता से इस्तीफ़ा

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राजनीती में कोई किसी का दोस्त और कोई भी किसी का दुश्मन नहीं होता है, यहाँ नफा, नुक्सान देख कर यार, साथी, पार्टियां बदली जाती हैं, राजनीती में कुछ भी स्थाई नहीं होता है, जिस विचारधारा और सिद्धांतों की बात नेता लोग करते नज़र आते हैं वह संगठन, पार्टी बदलते ही अगले पल बदल जाते हैं, बिहार की राजनीती में लालू यादव के जेल जाने के बाद सकून की सांस लेने वाले नितीश कुमार को ज़ोर का झटका लगा है|

बिहार में नीतीश कुमार की पार्टी जनता दल यूनाइटेड (जेडीयू) को उपचुनाव से पहले ही एक के बाद एक कई झटके लग रहे हैं। पार्टी के नेता और अररिया जिले के जोकीहाट सीट से विधायक सरफराज अहमद ने विधानसभा की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया है।

इस्तीफे पर आरजेडी सुप्रीमो लालू यादव के बेटे और बिहार के पूर्व उप-मुख्यमंत्री तेजस्वी यादव ने नीतीश पर तीखा हमला किया। उन्होंने ट्वीट कर कहा ‘नीतीश कुमार के एक और एमएलए ने जदयू से इस्तीफा दिया। इंतजार कीजिए अभी कितनी टूट और होगी। तेजस्वी तो बच्चा है ना जी!’

Tejashwi Yadav

@yadavtejashwi
नीतीश कुमार के एक और MLA ने जदयू से दिया इस्तीफ़ा। इंतज़ार कीजिए अभी कितनी टूट और होगी।

तेजस्वी तो बच्चा है ना जी!

2:07 PM – Feb 10, 2018
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सरफराज के इस्तीफे से जेडीयू में खलबली मचना तय माना जा रहा है क्योंकि सरफराज राजद के दिवंगत सांसद तस्लीमुद्दीन के बेटे हैं। कुछ दिनों पहले ही तस्लीमुद्दीन का निधन हुआ है। विधानसभा की सदस्यता से इस्तीफे के बाद यह तय माना जा रहा है कि वह अपने पिता की सीट से सांसद का चुनाव लड़ेंगे।

बता दें कि बिहार के अररिया लोकसभा और कैमूर व जहानाबाद विधानसभा क्षेत्र के लिए उपचुनाव की घोषणा हो चुकी है। इन सीटों पर 11 मार्च को मतदान होगा और 14 मार्च को मतगणना होगी।

मालूम हो कि अररिया से राजद सांसद मोहम्मद तस्लीमुद्दीन और जहानाबाद से राजद के विधायक मुंद्रिका यादव और भभुआ से भाजपा विधायक आनंद भूषण पांडेय के निधन के बाद ये सीटें खाली हुई हैं।

महागठबंधन से अलग होकर बिहार में राजग सरकार बनाने के बाद ये उपचुनाव मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के साथ साथ भाजपा के लिए अग्निपरीक्षा होगी। इधर, नीतीश से अलग होने और लालू के जेल में रहने के बाद राजद को अपना आधार दिखाने की चुनौती रहेगी। अररिया लोकसभा और जहानाबाद की सीट पर राजद का कब्जा था, जबकि भभुआ सीट पर भाजपा के उम्मीदार विजयी हुए थे। अररिया लोकसभा सीट के 6 विधानसभा सीटों पर भाजपा दो, जदयू दो, राजद-एक और कांग्रेस के एक विधायक हैं।