इतिहास

मुसलमानों के दुनियावी शिक्षा में अहम् कारनामे, कुछ नमूने पेश हैं!

मुसलमानों के दुनियावी शिक्षा में अहम् कारनामे, कुछ नमूने पेश हैं!

25th December 2017 at 12:05 am 0 comments

इस दौर में लोगों का यह ख्याल बन गया है कि मुसलमानों ने केवल दीनी शिक्षा पर ही काम किया है। दुनियावी शिक्षा से उनका कोई ताल्लुक नहीं रहा। हालांकि दुनिया का कोई इल्म (ज्ञान) ऐसा नहीं जो मुसलमानों का अहसानमंद ना हो। कुछ नमूने में इसके पेश करता हूं- […]

Read more ›
दुनियां में सबसे पहला राकेट का परीक्षण तुर्क इंजिनयर ‘Lagâri Hasan Çelebi’ ने 1633 मे किया था!

दुनियां में सबसे पहला राकेट का परीक्षण तुर्क इंजिनयर ‘Lagâri Hasan Çelebi’ ने 1633 मे किया था!

24th December 2017 at 11:51 pm 0 comments

हम अकसर मिसाइल और राकेट प्रणाली के बारे मे पढ़ते और सुनते रहते हैं और अकसर अख़बार और न्युज़ चैनल मे ये ख़बर देखते हैं कि आज फ़लां देश ने मिसाइल का सफ़ल परीक्षण किया तो आज फ़लां देश ने राकेट प्रणाली का सफ़ल परीक्षण किया पर कभी हमने ये […]

Read more ›
#सर_सैयद_सुलतान_अहमद ने अपने वक़्त के तमाम बड़े वकीलों को हरा दिया था!

#सर_सैयद_सुलतान_अहमद ने अपने वक़्त के तमाम बड़े वकीलों को हरा दिया था!

24th December 2017 at 11:46 pm 0 comments

24 दिसंबर 1880 को बिहार के जहानाबाद ज़िले के पाली गांव मे पैदा हुए सर सैयद सुलतान अहमद भारत के उन चुनिन्दा वकीलों मे से हैं जिन्होने अपने वक़्त के तमाम बड़े वकीलों को हरा दिया था। मोती लाल नेहरु, सरत चंद्रा बोस, तेज बहादुर सपरु जैसे वकालत की दुनिया […]

Read more ›
ख़ुद्दाद ख़ान पहले भारतीये हैं जिन्हे विक्टोरिया क्रास से नवाज़ा गया था!

ख़ुद्दाद ख़ान पहले भारतीये हैं जिन्हे विक्टोरिया क्रास से नवाज़ा गया था!

24th December 2017 at 11:43 pm 0 comments

#Ww1 मे ख़ुद्दाद ख़ान पहले भारतीये हैं जिन्हे विक्टोरिया क्रास से नवाज़ा गया था.. विक्टोरिया क्रॉस प्रथम विश्वयुद्ध के दौरान आमने-सामने की लड़ाई में शत्रु को दिखाई गई बहादुरी के लिए भारतीय सैनिकों को दिया जाने वाला सर्वोच्च सैन्य अलंकरण था। प्रथम विश्व युद्ध के दौरान भारतीय सेना (जिसे कभी-कभी […]

Read more ›
भारत का इतिहास पार्ट 23 : प्राचीन भारत- 1200 ई.पू–240 ई_शक वंश के शासक!

भारत का इतिहास पार्ट 23 : प्राचीन भारत- 1200 ई.पू–240 ई_शक वंश के शासक!

24th December 2017 at 9:07 pm 0 comments

भूमक ============= भूमक शकों के क्षहरात वंश का प्रथम क्षत्रप था। उसे सम्भवत: कुषाण साम्राज्य के दक्षिण-पश्चिमी भाग के शासन का भार सौंपा गया था। उसके जो सिक्के प्राप्त हुए हैं, उनके प्रकार तथा उन पर लिखित अभिलेखों से ज्ञात होता है कि भूमक नहपान का पूर्वगामी था। परंतु दोनों […]

Read more ›
भारत का इतिहास पार्ट 22 : प्राचीन भारत- 1200 ई.पू–240 ई_शक साम्राज्य 123 ई.पू–200 ई.!

भारत का इतिहास पार्ट 22 : प्राचीन भारत- 1200 ई.पू–240 ई_शक साम्राज्य 123 ई.पू–200 ई.!

24th December 2017 at 8:53 pm 0 comments

शक साम्राज्य ================= मगध के विशाल साम्राज्य की शक्ति के क्षीण होने पर जिन विदेशी आक्रान्ताओं के आक्रमण भारत पर शुरू हुए, उनमें से डेमेट्रियस और मीनान्डर सदृश यवन विजेताओं ने भारत के उत्तर-पश्चिमी प्रदेशों में अपने अनेक राज्य स्थापित किए, और उनके वंशधरों ने उनका शासन किया। पर इस […]

Read more ›
भारत का इतिहास पार्ट 21 : प्राचीन भारत- 1200 ई.पू–240 ई_शुंग वंश के शासक!

भारत का इतिहास पार्ट 21 : प्राचीन भारत- 1200 ई.पू–240 ई_शुंग वंश के शासक!

24th December 2017 at 8:40 pm 0 comments

शुंग वंश के शासकों की सूची इस प्रकार है ============ -पुष्यमित्र शुंग (185 – 149 ई.पू.) -अग्निमित्र (149 – 141 ई.पू.) -वसुज्येष्ठ (141 – 131 ई.पू.) -वसुमित्र (131 – 124 ई.पू.) -अन्धक (124 – 122 ई.पू.) -पुलिन्दक (122 – 119 ई.पू.) -घोष शुंग -वज्रमित्र -भगभद्र -देवभूति (83 – 73 ई.पू.) […]

Read more ›
भारत का इतिहास पार्ट 20 : प्राचीन भारत- 1200 ई.पू–240 ई_शुंग साम्राज्य 184–123 ई.पू!

भारत का इतिहास पार्ट 20 : प्राचीन भारत- 1200 ई.पू–240 ई_शुंग साम्राज्य 184–123 ई.पू!

24th December 2017 at 8:28 pm 0 comments

शुंग वंश =============== मौर्य वंश का अंतिम शासक वृहद्रय था। वृहद्रय को उसके ब्राह्मण सेनापति पुष्यमित्र ने ई. पूर्व 185 में मार दिया और इस प्रकार मौर्य वंश का अंत हो गया। पुष्यमित्र ने अश्वमेध यज्ञ किया था। पुष्यमित्र ने सिंहासन पर बैठकर मगध पर शुंग वंश के शासन का […]

Read more ›
समाचार एजेंसिया_सबसे पुरानी समाचार एजेंसी फ्रांस AFP है!

समाचार एजेंसिया_सबसे पुरानी समाचार एजेंसी फ्रांस AFP है!

24th December 2017 at 1:21 pm 0 comments

सबसे पुराना समाचार एजेंसी Agence फ्रांस-Presse (एएफपी) . यह 1835 में एक पेरिस अनुवादक विज्ञापन एजेंट , चार्ल्स लुई Havas द्वारा स्थापित किया गया था प्रेस ट्रस्‍ट ऑफ इंडिया- भारत की सबसे बड़ी समाचार एजेंसी, प्रेस ट्रस्‍ट ऑफ इंडिया लि. पीटीआई भारतीय समाचारपत्रों की बिना मुनाफे के चलाई जाने वाली […]

Read more ›
रेडियो का इतिहास_भारत और रेडियो!

रेडियो का इतिहास_भारत और रेडियो!

24th December 2017 at 1:16 pm 0 comments

24 दिसंबर 1906 की शाम कनाडाई वैज्ञानिक रेगिनाल्ड फेसेंडेन ने जब अपना वॉयलिन बजाया और अटलांटिक महासागर में तैर रहे तमाम जहाजों के रेडियोऑपरेटरों ने उस संगीत को अपने रेडियो सेट पर सुना, वह दुनिया में रेडियो प्रसारण की शुरुआत थी। इससे पहले जे सी बोस ने भारत में तथा […]

Read more ›