साहित्य

आदर्श जैसा होता है, हम वैसे ही हो जाते हैं!

आदर्श जैसा होता है, हम वैसे ही हो जाते हैं!

14th October 2018 at 4:13 am 0 comments

सोनाली मिश्र ============= हो सकता है बात कुछ अजीब लगे, आज के नज़रिए से थोड़ी क्या बहुत पुरातनपंथी लगे, मगर यह बात पूरी तरह से सच है कि यदि हमारे सामने रोने धोने वाले आदर्श होंगे हम भी वही रोने धोने वाले हो जाएंगे. भारतीय समाज में स्त्री का मूल […]

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#चंडीगढ के “लैंप वाले बाबा जी”

#चंडीगढ के “लैंप वाले बाबा जी”

13th October 2018 at 2:21 am 0 comments

🎩तस्वीर चंडीगढ के निवासी “लैंप वाले बाबा जी ” की है। एक समय था जब मैंने व्यक़्क्तिगत रूप से यह मान लिया था के सोशल मीडिया अब केवल राजनीतिक बहसबाज़ी और फेक न्यूज़ का अड्डा बन चुका है। परन्तु यह स्वीकार करने मे मुझे आज लेश मात्र भी संकोच नहीं […]

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कैसा अचरज था कि तुम वही किताब पढ़ रही थीं, जिसे मैं पढ़ चुका था…

कैसा अचरज था कि तुम वही किताब पढ़ रही थीं, जिसे मैं पढ़ चुका था…

11th October 2018 at 4:55 am 0 comments

Sushobhit Singh Saktawat ============= कैसा अचरज था कि तुम ठीक वही किताब पढ़ रही थीं, जिसे मैं पढ़ चुका था. एक चेक उपन्यास. तुमने नाम बतलाया था तो मैं चहककर बोला- “ओह, यह तो पढ़ा है. मेरे पास भूरे रंग के कवर वाला हार्डबाउंड है. और तुम्हारे पास?” तुमने मुझे […]

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हिंदी के वरिष्ठ पत्रकार और लोकप्रिय कवि पंडित सुरेश नीरव के ज्येष्ठ पुत्र सृजन चतुर्वेदी हुए पंचतत्वों में लीन

हिंदी के वरिष्ठ पत्रकार और लोकप्रिय कवि पंडित सुरेश नीरव के ज्येष्ठ पुत्र सृजन चतुर्वेदी हुए पंचतत्वों में लीन

20th September 2018 at 12:11 am 0 comments

Poonam Matia सृजन चतुर्वेदी हुए पंचतत्वों में लीन ———————————— ग़ाज़ियाबाद – हिंदी के वरिष्ठ पत्रकार और लोकप्रिय कवि पंडित सुरेश नीरव के ज्येष्ठ पुत्र सृजन चतुर्वेदी का आज हिंडन श्मशान घाट पर दाह संस्कार कर दिया गया। सृजन पहले भी गंभीर चोटों से लड़ कर उभरे हैं अपनी फाइटिंग स्पिरिट […]

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☹️ 😢☹️वृद्ध आश्रम 😢☹️😢 – एक बार पूरी कहानी पढ़ियेगा ज़रूर 🙏🙏

☹️ 😢☹️वृद्ध आश्रम 😢☹️😢 – एक बार पूरी कहानी पढ़ियेगा ज़रूर 🙏🙏

16th September 2018 at 2:11 am 0 comments

Anwar Khursheed ================ विशेष अनुरोध – – एक बार पूरी कहानी पढ़ियेगा ज़रूर 🙏🙏 निशा काम निपटा कर बैठी ही थी, की फोन की घंटी बजने लगी। मेरठ से विमला चाची का फोन था ,”बिटिया अपने बाबू जी को आकर ले जाओ यहां से। बीमार रहने लगे है , बहुत […]

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आईये आज आपको लिये चलते हैं आदर्श ग्राम की ओर…..

आईये आज आपको लिये चलते हैं आदर्श ग्राम की ओर…..

10th September 2018 at 4:12 am 0 comments

Santosh Kumar Singh ================= गांव की कहानी के कारवां को आगे बढ़ाते हुए आईये आज आपको लिये चलते हैं आदर्श ग्राम नवानी की ओर..कहानी कलमबद्ध किया है..डॉ रीता सिंह ने..लिखती हैं…. मधुबनी जिले के झंझारपुर प्रखण्ड का नवानी गाँव। शादी के चार दिन बाद में गाँव गई। गाडी गाँव के […]

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ऐसे फ़ेमिनिज्म से भगवान बचाए!

ऐसे फ़ेमिनिज्म से भगवान बचाए!

2nd September 2018 at 3:55 pm 0 comments

सोनाली मिश्र ============== दो तीन दिनों में जिस तरह से क्षितिज रॉय के साथ पढ़े लिखे लोग समर्थन में आए, उससे एक दो बातें स्पष्ट हुईं कि स्त्री चाहे कोई भी हो, उसे अपनी सत्यता के पक्ष में सबूत देने के बाद भी मानसिक रूप से यह झेलने के लिए […]

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#ओपन_डायरी : बच्चा पैदा करने के लिए क्या आवश्यक है ?

#ओपन_डायरी : बच्चा पैदा करने के लिए क्या आवश्यक है ?

1st September 2018 at 2:40 pm 0 comments

Sapna वाया आदि परौहा ==============· #ओपन_डायरी बच्चा पैदा करने के लिए क्या आवश्यक है ? #पुरुष_का_स्पर्म…. और #औरत_का_गर्भ !!! लेकिन रुकिए …. .सिर्फ गर्भ!!!! नहीं… नहीं….. एक ऐसा शरीर जो इस क्रिया के लिए तैयार हो …..जबकि स्पर्म के लिए 13 साल का स्पर्म और 70 साल का स्पर्म भी […]

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शिप्रा, पहली बार अकेली सफ़र कर रही थी, इसलिये….🔴🔴🔴

शिप्रा, पहली बार अकेली सफ़र कर रही थी, इसलिये….🔴🔴🔴

31st August 2018 at 4:28 am 0 comments

Sharad Mishra ===================== 🔴 ।। भाई ।। 🔴 🌻💞शिप्रा का रिजर्वेशन जिस बोगी में था, उसमें लगभग सभी लड़के ही थे । टॉयलेट जाने के बहाने शिप्रा पूरी बोगी घूम आई थी, मुश्किल से दो या तीन औरतें होंगी । मन अनजाने भय से काँप सा गया । पहली बार […]

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उम्मीद, उस छोटी सी लौ को कभी मिटने नहीं दूंगी🌸🌸🌸प्रीत प्रतिमां 🌸🌸🌸

उम्मीद, उस छोटी सी लौ को कभी मिटने नहीं दूंगी🌸🌸🌸प्रीत प्रतिमां 🌸🌸🌸

29th August 2018 at 1:46 am 0 comments

Preet Pratima 🌸🌸🌸===============🌸🌸🌸 कभी कभी ये जिंदगी अमावस की रात जैसे, स्याह काली और, अंधेरी लगने लगती है, तुम आ जाते हो तो यकायक, चाँद निकल आता है, चारों तरफ़, इक रौशनी सी बिखर जाती है संवर जाती है हर शै सूरत मेरी भी निखर जाती है, बस, जब तुम, […]

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