दुनिया

अमेरिका : तापमान गिरकर -79 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचा, न्यू हैम्पशायर में 140 मील प्रति घंटे की रफ़्तार से हवाएं चलीं : वीडियो

आर्कटिक ब्लास्ट के प्रभाव से अमेरिका के ज्यादातर हिस्सों में तापमान में बड़ी गिरावट दर्ज की गई है। कुछ जगहों पर तापमान गिरकर -79 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है। मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, आर्कटिक ब्लास्ट के बाद बर्फीली हवाएं कनाडा से होते हुए अमेरिका तक पहुंच गई हैं, जिससे जन-जीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। कई राज्यों में अचानक तापमान में गिरावट दर्ज की गई है। न्यू हैम्पशायर के माउंट वॉशिंगटन में तापमान -79 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है।

न्यूयॉर्क, मैसाचुसेट्स, कनेक्टिकट, रोड आइलैंड (Rhode Island), न्यू हैम्पशायर, वर्मोंट (Vermont) और मेन (Maine) में लगभग 1.6 करोड़ लोग भीषण ठंड का सामना कर रहे हैं। नेशनल वेदर सर्विस (NWS) ने कहा कि डीप फ्रीज की स्थिति कम समय तक रहेगी, लेकिन हाड़ कंपा देने वाली ठंड से लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। इन राज्यों में लोगों को घर से बाहर नहीं निकलने की सलाह दी गई है। मेन राज्य में ठंड का करीब 40 साल का रिकॉर्ड टूट गया है। आर्कटिक से बर्फीली हवाएं चलने से तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है। मिनेसोटा और कुछ अन्य जगहों पर तापमान -39 डिग्री दर्ज किया गया है।

भीषण ठंड के कारण मैसाचुसेट्स के दो बड़े शहरों बोस्टन और वॉर्सेस्टर में शुक्रवार को स्कूल बंद रहे। बोस्टन की मेयर मिशेल वू (Michelle Wu) ने रविवार को शहर में आपात स्थिति घोषित की है। एनडब्ल्यूएस के अलर्ट के बाद शहर के निवासियों की मदद करने के लिए वार्मिंग सेंटर स्थापित किए गए हैं।

न्यू हैम्पशायर में 96-140 मील प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलीं
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, आर्कटिक ब्लास्ट के कारण न्यू हैम्पशायर में 96-140 मील प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल रही थीं। इस कारण माउंट वॉशिंगटन के तापमान में रिकॉर्ड गिरावट दर्ज की गई। साल 1934 के बाद पहली बार सबसे कम तापमान दर्ज किया गया है। वहीं, बोस्टन में शनिवार को तापमान -20 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। अनुमान के मुताबिक, अमेरिका में रविवार को तापमान में और भी गिरावट देखने को मिल सकती है।