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कर्नाटक : भ्रष्टाचार के मामले में बीजेपी विधायक और उनके बेटे से अब तक 10 करोड़ रुपये बरामद हो चुके हैं!

कर्नाटक में लोकायुक्त पुलिस ने भ्रष्टाचार के मामले में बीजेपी विधायक के मदाल विरुपकक्षाप्पा और उनके बेटे को मुख्य अभियुक्त बनाया है. इस मामले में अब तक 10 करोड़ रुपये बरामद हो चुके हैं.

विधायक के मदाल विरुपकक्षाप्पा ने कर्नाटक सोप्स एंड डिटरजेंट लिमिटेड के चेयरमैन के पद से भी इस्तीफ़ा दे दिया है. ये एक सरकारी कंपनी है मशहूर मैसूर सैंडल सोप बनाती है.

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#UPDATE | Lokayukta officials conduct raid at the residence of Prashanth Maadal in Bengaluru. Around Rs 6 crore in cash recovered, search underway: Karnataka Lokayukta

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The anti-corruption branch of Lokayukta yesterday arrested Prashanth Maadal, son of BJP MLA Maadal Virupakshappa, while taking a bribe of Rs 40 lakh. Over Rs 1.7 crore in cash recovered from his office. Prashanth Maadal is chief accountant in BWSSB: Karnataka Lokayukta

के मदाल विरुपकक्षाप्पा के दफ़्तर और घर पर गुरुवार को छापा मारा गया था जो शुक्रवार तक चला. कर्नाटक विधानसभा चुनाव से दो महीने पहले भ्रष्टाचार का मामला आना बीजेपी के लिए मुश्किल खड़ी कर सकता है.

कांग्रेस कर्नाटक में बीजेपी के लिए ”40 प्रतिशत कमीशन की सरकार” नाम से अभियान चला रही है.

इसकी शुरुआत तब हुई थी जब राज्य की कॉन्ट्रैक्टर्स एसोसिएशन ने प्रधानमंत्री को चिट्ठी लिखकर कमीशन लिए जाने का आरोप लगाया था.

लोकायुक्त पुलिस अधिकारी ने अपनी पहचान छुपाते हुए बीबीसी हिंदी को बताया, ”चेयरमैन और उनके बेटे प्रशांत के घर से 6.10 करोड़ रुपये बरामद किए गए हैं. प्रशांत के निजी दफ़्तर से 1.62 करोड़ रुपये मिले हैं.”

krishna singh
@Krishna46132452
Replying to
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This is how BJP is different from Other parties , If you do corruption’s being supporter or relative to BJP , You will not get spared . Dont spare anyone

इस मामले में पांच लोगों को गिरफ़्तार किया गया है जिसमें प्रशांत, उनके अकाउंटेंट और तीन अन्य लोग शामिल हैं. इन तीन लोगों पर रिश्वत देने का आरोप है.

लोकायुक्त पुलिस को मिली एक गुप्त सूचना के बाद ये छापा मारा गया है और इसकी औपचारिक शिकायत भी दर्ज की गई है.

कथित रूप से प्रशांत के 40 लाख रुपये रिश्वत लेने के बाद ये छापा मारा गया है. ऐसा दावा किया जा रहा है कि प्रशांत को रिश्वत के कुल 81 लाख रुपये लेने थे. आरोप है कि प्रशांत ने अपने पिता की जगह ये रिश्वत ली थी.

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Lokayukta has raided the son of an MLA. All I can say is that the reason for restarting the Lokayukta is to curb corruption in the state, without Lokayukta many such cases were found and closed during Congress rule: Karnataka CM Basavaraj Bommai

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#UPDATE | Lokayukta officials conduct raid at the residence of Prashanth Maadal in Bengaluru. Around Rs 6 crore in cash recovered, search underway: Karnataka Lokayukta

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This shows that the BJP govt headed by CM Basavaraj Bommai is involved in corruption: Siddaramaiah, LoP Karnataka, on Lokayukta catching BJP MLA’s son with bribe money

प्रशांत खुद सरकारी नौकरी करते हैं. वो बेंगलुरु जल आपूर्ति एवं सीवरेज बोर्ड में चीफ़ अकाउंटेंट हैं. इससे पहले वो एंटी करप्शन ब्यूरो में वित्तीय सलाहकार थे. इस ब्यूरो को पिछले साल भंग करके लोकायुक्त बनाया गया था.

हालांकि, इस छापे में हैरानी की बात है कि टीवी चैनल को कैश गिनते ही वीडियो बनाने की इजाजत दी गई. ये पैसे बड़े-बड़े बैगों में दफ़्तर और घर से ले जाया गया.

एक बीजेपी नेता ने कहा, ”ये छापा इस बात का संकेत है कि कई विधायकों के एंटी-इनकंबेंसी के चलते टिकट काटे जाएंगे. संभव है कि ये छापा पार्टी की छवि को हुए नुक़सान की भरपाई और सरकार की आलोचना का जवाब देने के लिए डाला गया हो.”