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महिलाएं भी पुरुषों की तरह कामुक होती हैं, क्या आप स्पर्श के ज़रिए काम सुख पाना चाहते हैं?

महिला हस्तमैथुन क्या है

महिला हस्तमैथुन क्या है ? महिलाएं हस्तमैथुन कैसे करती है और क्या महिलाएं सच में हस्तमैथुन करती है? ऐसे कई सवाल है जो आपके मन में है और जिनका जवाब आप जानना चाहते है।

इसका सीधा सा उत्तर है जी हाँ महिलाएं भी हस्तमैथुन करती है। महिला हस्तमैथुन एक अच्छा और आसान तरीका है खुद को संतुस्ट करने का । ज्यादा तर महिलाये हस्तमैथुन करने के लिए आपने हाथो का इस्तेमाल करती है परन्तु आज कल डिलडो और वाइब्रेटर का इस्तेमाल ज्यादा करती है। इस सेक्स टॉयज से महिलाये खुद को आसानी से संतुस्ट कर सकती है।

अगर आप महिला हस्तमैथुन के बारे में और अधिक जानकारी हासिल करना चाहते है तो इस लेख को पूरा पढ़े ।

महिला हस्तमैथुन क्या है?

हस्तमैथुन, यौन उत्तेजना या अन्य यौन सुख के लिए अपने जननांगों की यौन उत्तेजना है, जो आमतौर पर कामोन्माद की ओर इशारा करता है। जब महिला अपनी उंगलियों या किसी अन्य घर के बनाये हुए डिल्डो या घर की वस्तुओं की मदद से अपने स्वयं के जननांग क्षेत्र को उत्तेजित करती है तो इसे महिला हस्तमैथुन कहा जाता है।

उत्तेजना के लिए महिला हाथ, उंगलियां, रोजमर्रा की वस्तुएं, सेक्स खिलौने जैसे डिलडो या वाइब्रेटर का व् उपयोग करती है । हस्तमैथुन, एक सामान्य यौन क्रिया है। हस्तमैथुन करने के बहुत से लाभ भी है। यदि आप महिला हस्तमैथुन के लाभों के बारे में अधिक जानना चाहते हैं तो कृपया यहाँ क्लिक करें।

महिला हस्तमैथुन के प्रकार

सबसे पहले, हम महिला हस्तमैथुन के प्रकारों के बारे में चर्चा करने जा रहे हैं। आपके लिए विश्वास करना थोड़ा मुश्किल है लेकिन यह सच है कि महिला विभिन्न तरीकों से हस्तमैथुन कर सकती है। कुछ महिलाएं आंतरिक संभोग (internal orgasm or inside orgasm) सुख को प्राप्त करना पसंद करती हैं, जबकि कुछ महिलाएं बाहरी उत्तेजना को प्राप्त करने के लिए अपने भगशेफ को उत्तेजित (clitoris stimulation)करना पसंद करती हैं।

वाइब्रेटर डिल्डो का उपयोग

अधिकांश महिलाएं अपने भगशेफ को उत्तेजित करना पसंद करती हैं।

महिला आम तौर पर, भगशेफ को उत्तेजित करने के लिए अपनी उंगलियों को प्राथमिकता देती है लेकिन कुछ महिलाएं भगशेफ को उत्तेजित करने के दौरान वाइब्रेटर डिल्डो का उपयोग करना पसंद करती हैं।

ज्यादा तर महिलाये बुलेट वाइब्रेटर या एग वाइब्रेटर का इस्तेमाल करती है। इन सेक्स टॉयज का इस्तेमाल कर के महिलाये खुद को आसानी से संतुस्ट कर सकती है।

यदि आप भी भगशेफ को उत्तेजित करते हुए आनंद की अनुभूति करना चाहते हैं, तो आपको कुछ छोटे वाइब्रेटर सेक्स टॉयज़ का चयन करना चाहिए।

जब महिलाये चरम सुख प्राप्त (orgasm) करती हैं, तो उनको त्वचा के साथ मस्तिष्क में भी एक तनावपूर्ण सनसनी महसूस होती है। यह सुखद आनंद प्रदान करता है।

योनि महिला हस्तमैथुन

अधिकांश महिलाएं योनि और जी स्पॉट को उत्तेजित करना पसंद करती हैं। योनि और जी स्पॉट को उत्तेजित करने के लिए, आपको विभिन्न प्रकार के डिल्डो सेक्स खिलौने का उपयोग करना चाहिए जिसमें आप सहज महसूस करते हैं।

यदि महिलाएं जी स्पॉट उत्तेजना के लिए जी स्पॉट डिल्डो पसंद करती हैं तो वे आसानी से जी स्पॉट तक पहुंचते हैं और उत्तेजित करते हैं।

जी स्पॉट डिल्डो भी महिलाओं को जी स्पॉट ऑर्गेज्म तक पहुंचने में मदद करता है।

सबसे लोकप्रिय जी स्पॉट डिल्डो में से कुछ जो ज्यादातर महिलाएं अपनी यौन जरूरतों को पूरा करने के लिए चुनती हैं

गुदा मैथुन

गुदा हस्तमैथुन के लिए, महिलाएं किसी भी गुदा डिल्डो का इस्तेमाल कर सकती हैं। योनि की तरह, गुदा स्वयं चिकनाई नहीं करता है।

इसलिए, महिलाओं को गुदा हस्तमैथुन में शामिल होने के लिए अच्छी गुणवत्ता वाले व्यक्तिगत स्नेहक का उपयोग करना आवश्यक है।

गुदा हस्तमैथुन करने के लिए आपको अनल टॉयज इस्तेमाल करना होगा। अनल टॉयज दूसरे टॉयज से अलग होता है। इसकी बनावट ऐसे होते है की ये गुदा में आसानी से अंदर घुश जाता है। इसलिए अगर आप गुदा हस्तमैथुन करना चाहते है तो अनल टॉयज का ही इस्तेमाल करे।

कॉम्बो महिला हस्तमैथुन

इस प्रकार की हस्तमैथुन के लिए महिलाएं आमतौर पर सक्शन कप डिल्डो पसंद करती हैं।

महिलाएं सक्शन कप डिल्डो को चिकनी सतह पर रखती हैं और इसका इस्तेमाल आंतरिक उत्तेजना के लिए करती हैं।

इसी समय, महिलाएं वाइब्रेटर जैसे कुछ अन्य सेक्स टॉयज़ का उपयोग करती हैं और यदि उनके पास वाइब्रेटर नहीं है, तो वे क्लिटोरिस को उत्तेजित करने के लिए अपनी उंगली का उपयोग करती हैं।

इस प्रकार के हस्तमैथुन में शामिल होने के दौरान, महिलाएं आंतरिक और साथ ही बाहरी संभोग को आसानी से प्राप्त कर सकती हैं।

इरोजेनस ज़ोन महिला हस्तमैथुन

हस्तमैथुन के दौरान महिला अपने इरोजेनस ज़ोन को रगड़ या खींच भी सकती है। सबसे संवेदनशील एरोजेनस जोन में से कुछ निप्पल, ब्रेस्ट, जांघ, कान, गर्दन आदि हैं। इन एरोजेनस ज़ोन को रगड़ने या खींचने से आप अनोखा महसूस कर सकते हैं और आनंद बढ़ा सकते हैं।

यदि आप अपने हस्तमैथुन सत्र के लिए सक्शन कप डिल्डो का उपयोग कर रहे हैं तो आप आसानी से अपने हाथ का उपयोग एरोजेनस ज़ोन को उत्तेजित करने के लिए कर सकते हैं।

महिला हस्तमैथुन कैसे करें

यह आवश्यक नहीं है कि हर बार जब आप हस्तमैथुन में शामिल हों तो आप संभोग सुख प्राप्त करें। यदि आप हर बार कामोन्माद तक पहुँचना चाहते हैं तो आपको कुछ तैयारी करनी होगी। अधिक जानकारी के लिए आप हमारे लेख महिला हस्तमैथुन तकनीक (Female masturbation technique)को भी पढ़ सकते हैं।

 

सबसे पहले आपको आरामदायक वातावरण बनाना चाहिए और कुछ तैयारी करनी चाहिए।

सुनिश्चित करें कि आप उस कमरे में अकेले हैं और हस्तमैथुन सत्र के दौरान कोई भी आपको परेशान न करे। हस्तमैथुन करने का सबसे अच्छा तरीका आराम और तनाव-मुक्त होना है।

अपने आप को उत्साहित करने या उत्तेजित करने के लिए आपको आराम और तनाव-मुक्त होना चाहिए।

आप मूड में आने के लिए संगीत सुन सकते है, रौशनी को काम कर सकते है या कुछ पोर्न वीडियो भी देख सकते है।आप वो सब कुछ कर सकते है जिसमे में आपको आनंद आये।

कुछ चिकनाई जोड़े

हस्तमैथुन में शामिल होने के दौरान, महिला को अच्छी गुणवत्ता वाले व्यक्तिगत स्नेहक (personal lubricant)का उपयोग करना आवश्यक होता है।

उस समय, जब आप संभोग सुख प्राप्त करते हैं तो आपका शरीर स्वयं-स्नेहन उत्पन्न करता है, जो हस्तमैथुन को बहुत चिकना और आनंददायक अनुभव बना देता है।

लेकिन कभी-कभी यह पर्याप्त नहीं होता है, इसलिए अपने हस्तमैथुन को मजेदार बनाने के लिए एक अच्छी गुणवत्ता वाले व्यक्तिगत स्नेहक का उपयोग करें।

अगर आप हस्तमैथुन करते समय किसी भी प्रकार के डिल्डो सेक्स टॉयज का इस्तेमाल कर रहे हैं तो डिल्डो टॉयज की सामग्री (material)के बारे में सावधान रहें। क्योंकि सभी प्रकार के व्यक्तिगत स्नेहक सभी डिल्डो सामग्रियों (material) के साथ संगत (compatible) नहीं हैं।

कौन से सेक्स खिलौने का उपयोग महिला हस्तमैथुन के लिए पसंद करती है ?

महिला आम तौर पर अपने हस्तमैथुन को अधिक आनंददायक बनाने के लिए विभिन्न प्रकार के डिल्डो सेक्स टॉयज को पसंद करती है।

लेकिन मेरे अनुभव के अनुसार, सक्शन कप डिल्डो महिला हस्तमैथुन के लिए सबसे अच्छा खिलौना है।

सक्शन कप डिल्डो का उपयोग करते समय, महिला आसानी से इसे चिकनी सतह पर माउंट कर सकती है और इसका उपयोग कर सकती है। और उसी समय वे अन्य यौन गतिविधियों के लिए अपने हाथ का उपयोग करते हैं।

महिला इन चीजों का भी इस्तेमाल कर लेती है हस्तमैथुन करने के लिए

भारत में, अधिकांश महिलाओं के लिए डिल्डो सेक्स खिलौने खरीदना बहुत मुश्किल हो जाता है, इसलिए वे घर का बना डिल्डो का उपयोग करती हैं। अगर आप भी घर के बने डिल्डो के बारे में जानना चाहते हैं तो यहाँ क्लिक करें।

कुछ होममेड डिल्डो जो महिलाएं अपने हस्तमैथुन सत्र के दौरान इस्तेमाल करती हैं, वे हैं मोमबत्तियाँ, सब्जियाँ, फल, स्थिर चीजें आदि। इन होममेड डिल्डों का उपयोग करते समय महिलाओं के लिए कंडोम के साथ डिल्डो का उपयोग करना आवश्यक है।

पहले बाहरी उत्तेजना करे

सबसे पहले, महिलाओं को बाहरी शरीर की उत्तेजना के साथ शुरू करना चाहिए। पहले उन्हें अपने एरोजेनस ज़ोन और क्लिटोरिस को उत्तेजित करना चाहिए।

क्लिटोरिस महिला शरीर के सबसे संवेदनशील हिस्से में से एक है। हाथ या थरथानेवाला डिल्डो के साथ भगशेफ को उत्तेजित करना आपको उत्तेजना प्राप्त करने में मदद करता है।

अगर आप हस्तमैथुन के लिए डिल्डो खिलौनों का इस्तेमाल करते हैं तो सबसे पहले आपको शरीर के बाहरी हिस्से जैसे कि निप्पल, स्तन, भगशेफ, योनि की दीवार और एक अन्य यौन भावना क्षेत्र को उत्तेजित करना चाहिए।

एक बार जब आप आरामदायक और गीला महसूस करते हैं तो आप आंतरिक संभोग या आंतरिक उत्तेजना के लिए आगे बढ़ सकते हैं।

आंतरिक उत्तेजना करे

योनि या जी स्पॉट को उत्तेजित करने के लिए, पहले व्यक्तिगत चिकनाई लागू करें और डिल्डो सेक्स खिलौने सम्मिलित करने का प्रयास करें।

अगर आप वाइब्रेटिंग डिल्डो का उपयोग कर रहे हैं तो पहले पावर को सक्रिय करें और फिर डालें। डिल्डो डालने के बाद डिल्डो को योनि में अलग अलग दिशा में ले जाने की कोशिश करें।

यह आपको अंदर के ऑर्गेज्म (inside orgasm)को प्राप्त करने में मदद करता है। आप किसी भी सेक्स पोजीशन का उपयोग कर सकते हैं जिसमें आप अधिक सहज महसूस करते हैं।

हस्तमैथुन के ये हैं पांच फ़ायदे

विशेषज्ञों का मानना है कि हस्तमैथुन एक स्वस्थ सेक्स जीवन का हिस्सा है.

हस्तमैथुन हाथ या अन्य किसी चीज़ से यौन आनंद प्राप्त करने का तरीका होता है.

कई समाजों में आमतौर पर इसे अनैतिक और हानिकारक माना जाता है. लेकिन विशेषज्ञों की राय उलट है और वे इसे सुख की अनुभूति के साथ-साथ पुरुषों और महिलाओं के स्वास्थ्य के लिए फ़ायदेमंद भी मानते हैं.

विशेषज्ञों के मुताबिक़ ये हैं हस्तमैथुन के पांच फ़ायदे

1. हस्तमैथुन से मासिक धर्म से जुड़ी परेशानियों को दूर करने में मिल सकती है. मासिक धर्म के दौरान होने वाले दर्द से हस्तमैथुन से निकलने वाले रसायन की वजह से राहत मिलती है.

फिनबर्ग स्कूल ऑफ़ मेडिसिन में स्त्री और प्रसूति रोग की प्रोफेसर लॉरा स्ट्रीचर कहती हैं, “हस्तमैथुन से गीलापन बढ़ता है जिससे कि योनि का सूखापन दूर होता है और इससे दर्द से राहत मिलती है.”

2. पत्रिका ‘सेक्शुअल एंड रिलेशनशिप थैरेपी’ के मुताबिक इससे रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है और यह संक्रमण से बचाता है. कई शोधों से पता चला है कि जिन लोगों में ऑर्गेज्म अधिक हुआ होता है उनमें इम्युनोग्लोबिन ए की मात्रा अधिक होती जो जुकाम से बचाने में सहायक होती है.

3. फ्रेंच इंस्टीट्यूट ऑफ हेल्थ एंड मेडिकल रिसर्च के शोध के मुताबिक हस्तमैथुन के बाद अच्छी नींद आती है. अनिद्रा को दूर करने का यह सबसे सुरक्षित और बेहतर तरीका है खासकर मर्दों के लिए. क्योंकि इसके बाद मर्दों में यौन इच्छा खत्म हो जाती है और उन्हें नींद आने लगती है.

4. इससे शारीरिक और मनोवैज्ञानिक स्तर पर रिलैक्स होने का एहसास होता है.

5. लोगों के बीच यह ग़लतफहमी है कि हस्तमैथुन से यौन संबंधों पर बुरा असर पड़ता है.

विशेषज्ञों का मानना है कि यह पूरी तरह से ग़लत धारणा है. असलियत में इसके उल्टा होता है और हस्तमैथुन से एक बेहतर यौन संबंध बनाने का मौका मिलता है.

इससे उन महिलाओं को भी मदद मिलती है जिन्हें ऑर्गेज्म नहीं होने की समस्या होती है.

महिला हस्तमैथुन: मिथक और सच्चाई

25 साल की हना ने अपनी किशोरावस्था के अनुभवों के बारे में बीबीसी थ्री के लिए लिखा है. आप उन्हीं के शब्दों में पढ़िए-

मेरा नाम हना है और मैं हस्तमैथुन करती हूं. आप करते हैं, बहुत ज़्यादा, नहीं करते?

लेकिन महिलाएं हस्तमैथुन के बारे में बहुत ज़्यादा बात नहीं करती हैं. क्या वे बात करती हैं?

मैं 25 साल की हूं और मुझे याद है कि लड़के स्कूल के दिनों में इस पर खुलकर बात करते थे. लेकिन लड़कियां? ज़ाहिर है उन्हें यह आज़ादी नहीं थी.

यदि हमलोगों से कभी किसी लड़के ने हस्तमैथुन करने के बारे में पूछा तो इसका एक ही जवाब होता था- नहीं, यह अश्लील है, ज़ाहिर है बिल्कुल नहीं.

अगर हमने हस्तमैथुन किया है तब भी यही जवाब होता था.

यदि आप लड़के हैं तो इसका जवाब कुछ ऐसा होता था- ‘हां, हर दिन.’ ऐसा माना जाता है कि महिलाओं में कामुकता नहीं होती और पुरुष इस मामले में आगे होते हैं.

किशोरी लड़की

क्या यह नुक़सानदेह है?

जो लड़कियां हस्तमैथुन करती हैं और उनमें से कई ऐसा करने के बाद शर्मिंदगी महसूस करती हैं. हालांकि लड़कों के लिए ऐसा नहीं है और वे अपनी सेक्स लाइफ़ को गोपनीय रखना चाहते हैं.

मैं उस किशोरी लड़की की तरह थी जिसके साथ व्यवहार में यह सब होता है. मैं मानती हूं कि मेरी किसी भी महिला दोस्त ने हस्तमैथुन नहीं किया होगा.

उस उम्र में मैंने भी नहीं किया. मैं सोचती थी कि यह अश्लील है और इससे मेरा गुप्तांग विकृत हो जाएगा.

मैं समय को पीछे लेकर जाना चाहती हूं जहां हना डरी हुई किशोरी है और वह अपने कमरे में जाकर ख़ुद को छूने के लिए कह रही है.

लेकिन ऐसा करने के लिए सालों इंतज़ार करना पड़ा. मैं जब तक 20 साल की नहीं हो गई तब तक ऐसा नहीं कर पाई. इस उम्र के बाद ही मुझे पहला यौन सुख मिला.

इस सुख के लिए ईश्वर और मेरे अंगों को शुक्रिया. किशोरावस्था में मैं इस चीज़ को नहीं जानती थी कि ख़ुद को उत्तेजित कैसे करना है.

मैं सोचती थी कि महिला हस्तमैथुन कुछ अजीब तरह से होता है.

अलग-अलग तरीके

हस्तमैथुन लेकर हर कोई उंगली की बात करता था. फिर से मैं चाहती हूं और किशोरी हना से कह सकती हूं वह उन लड़कों को बता दे.

हमलोग यह क्यों नहीं कहते कि हमारे शरीर और उसके यौन सुख के लिए यह बुनियादी ज़रूरत है. मेरे लिए सेक्स उत्तेजना के मायने थे टेस्ट ट्यूब को कॉन्डम पहना देना.

हां, हमें एक चित्र के माध्यम से लिंग और वजाइना दिखाया गया था. लेकिन क्लाइटॉरिस के बारे में नहीं बताया गया था. आख़िर क्यों ज़्यादातर लोग अपने गुप्तांगों को जाने बिना बड़े होते हैं?

पॉर्न में केवल सेक्स उत्तेजना को महसूस किया जा सकता है. लेकिन हमें समझना चाहिए कि युवा अलग-अलग तरीकों से यौन सुख को पा सकते हैं.

ऐसा अपने शरीर में ही संभव है. युवाओं को अपने गुप्तांगों के बारे में जानना चाहिए. उन्हें मुख्यधारा के पॉर्न में ही सिमटकर नहीं रहना चाहिए.

लोग सेक्स में कई तरह की शर्म, लज्जा, भ्रम और खेद के साथ जीते हैं. हस्तमैथुन को लेकर दोस्तों के साथ खुलने के बाद मैंने पाया कि ज़्यादातर लोगों ने किशोरावस्था में हस्तमैथुन नहीं किया.

युवावस्था में

ज़ाहिर है मेरे साथ भी ऐसा ही था. जब मुझे इसके बारे में पता चला तब तो मैंने वल्वा की आकृति से सब कुछ समझा.

ज़्यादातर लोग युवावस्था में ऐसा नहीं करते हैं, लेकिन वे इसके बारे में बात भी नहीं करते. ज़्यादातर लोगों को लगता है कि यह ग़लत है.

वे दोषी महसूस करते हैं और ख़ुद से ही घृ़णा करने लगते हैं कि आख़िर ये सही कैसे हो सकता है?

जब मैं 15 साल की थी तो मेरी मां ने मुझसे कहा, “हना, तुम हस्तमैथुन करती हो? तुम्हें हस्तमैथुन करना चाहिए. यह किसी से सेक्स करने से पहले अपनी देह को जानने का सबसे बेहतरीन तरीका है.”

इस पर मेरी प्रतिक्रिया थी- मां मुझसे ये सब बातें मत करो. लेकिन उन्होंने कम से कम कोशिश की और मुझे अब अच्छा लगता है. महिला हस्तमैथुन को लेकर चारों तरफ़ खामोशी पसरी रहती है.

यह एक नुक़सानदेह मान्यता का हिस्सा है कि महिलाएं कामुक नहीं होतीं- विपरीतलिंग रिलेशनशिप में पुरुष को सक्रिय होना चाहिए, कामुकता आक्रामक होनी चाहिए.

वहीं महिलाओं को पुरुषों के हिसाब से व्यवहार करना होता है.

आत्मविश्वास

अगर एक महिला की अपनी निजी सेक्स लाइफ़ है तो वह हमेशा पहल करेगी और वह अपने यौन सुख के हिसाब से व्यवहार करेगी.

मैं इसके बकवास कहती हूं. महिलाएं भी कामुक होती हैं. महिलाएं भी पुरुषों की तरह कामुक होती हैं. सच यह है कि महिलाएं ज़्यादा कामुक होती हैं.

कभी-कभी हम अपने आप से सेक्स करना पसंद करते हैं. बिल्कुल अकेला. साथ में कोई नहीं.

इतने लंबे वक़्त के बाद अब मैं अपनी देह के साथ बिल्कुल सहज हूं. मैं ख़ुद से ख़ुद को यौन सुख दे सकती हूं.

मैं अपने पार्टनर से क्या चाहती हूं इसे कहने को लेकर आत्मविश्वास से भरी हूं.

हर किसी की कामुकता अलग-अलग तरीके की होती है और मेरा मानना है कि हस्तमैथुन सबसे बढ़िया तरीका है कि किस तरह से स्पर्श के ज़रिए आप काम सुख पाना चाहते हैं.

अच्छी नींद और तनाव मुक्ति

मैं सेक्शुअल चैरिटी ब्रूक की ऐम्बैस्डर हूं और यहां बेहतरीन ऑनलाइऩ संसाधन हैं. हम इन संसाधनों के ज़रिए पॉर्न और हस्तमैथुन को लेकर बढ़िया काम करते हैं.

इसके लिए सेक्स उत्तेजना को समझने के लिए क्लास होनी चाहिए. हस्तमैथुन आपको और आपकी सेक्स लाइफ को सशक्त बनाता है.\

इससे आप अपने सेक्स पार्टनर को खुलकर बताते हैं कि क्या पसंद करते हैं.

इसमें आपको यौन सुख की अनुभूति होती है. आप अपनी देह को जितना जानते हैं उससे ज़्यादा और कोई नहीं जान सकता.

इससे कई तरह के सेहत से जुड़े फ़ायदे हैं- अच्छी नींद और तनाव मुक्ति. और आख़िर बात यह कि यह योग से बहुत आसान और सस्ता है.

देश में कई तरह के टैबू हैं जिनसे लोग जूझ रहे हैं

समाज में एक ओर जहां फिल्मों और पश्चिमी संस्कृति की गहरा असर है तो दूसरी ओर भारतीय संस्कृति, परंपरा और कथित लोकलाज को मानने वाले लोग भी भरे पड़े हैं। समाज में सेक्स को लेकर खुलकर बातचीत नहीं है और लोग असहज हो जाते हैं। फिल्मों से कुछ लोग प्रभावित होते हैं लेकिन उनका असर सब पर नहीं होता। कुछ लोग ऐसे भी हैं जो न्यूड पेटिंग बनाने वालों पर अश्लीलता फैलाने का आरोप लगाकर जानलेवा हमले करते हैं। कथित मर्यादा के नाम पर बच्चों को जरूरी बातें नहीं बताई जातीं जिनका परिणाम बुरा भी होता है।

इंटरनेट पर वायरल हुई चिट्ठी

इंटरनेट की दुनिया ने इस सबसे इतर वह जगह दी है जहां लोग खुलकर किसी भी मुद्दे पर बात कर रहे हैं और बहस कर रहे हैं। सलाह ले रहे हैं और दूसरों की मदद भी कर रहे हैं। बच्चे अब सेक्स एजुकेशन के बारे में बिना किसी के बताए खुद इंटरनेट पर सब कुछ जान सकते हैं और जानते हैं। लेकिन इसके अपने फायदे-नुकसान भी हैं। भारतीय परिवेश में ज्यादातर मां-बाप बच्चों के सामने सेक्स या इससे जुड़ी बात करने के कतराते हैं। देश में कई तरह के टैबू हैं जिनसे लोग जूझ रहे हैं। नई पीढ़ी मुश्किलें झेलती है।

इस सबके के खिलाफ मुंबई के एक लड़के ने मुहिम शुरू की। मलेशिया में पत्रकारिता की पढ़ाई कर रहे मानिक रेगे ने बहन को उसके जन्मदिन पर एक पत्र लिखा और उसका विषय हस्तमैथुन (Masturbation) था।

मानिक की यह चिट्ठी सोशल मीडिया में वायरल हो गई और अब लोगों के बीच चर्चा का विषय है। मानिक ने यह चिट्ठी अपने ब्लॉग में लिखी है। उसका शीर्षक है- ‘मेरी बढ़ती हुई बहन के नाम एक चिट्ठी’।

ब्लॉग में लिखा था पत्र

इंडियन एक्सप्रेस से बातचीत में मानिक ने बताया कि उसकी कोई सगी बहन नहीं है। यह ब्लॉग जागरूकता के लिए लिखा गया है। उसने कहा, ‘युवा उम्र के हर लड़के-लड़की के लिए यह जागरूकता जरूरी है।

बिना किसी डर के अपने शरीर और अपनी जरूरतों के मुताबिक हमें काम करने चाहिए। हस्तमैथुन भी उन्हीं में से एक है। हम कई तरह के टैबू से घिरे हैं। अगर लड़के हस्तमैथुन कर सकते हैं तो लड़कियां क्यों नहीं? हम अगर सोच बदलेंगे तभी बेहतर भारत बना सकते हैं।’ उसने बताया कि चिट्ठी वायरल होने के बाद लोगों ने उसे रेपिस्ट, ढोंगी, मानसिक दिवालिया न जाने क्या-क्या कहा है। लेकिन बहुत से लोग ऐसे भी हैं जिन्होंने उसके इस कदम को सराहा है।

यहां पढ़ें चिट्ठी का कुछ हिस्सा

प्यारी बहन,
15वें जन्मदिन की शुभकामनाएं। नर्क में स्वागत है, मेरा मतलब है परिपक्वता।

मैं तुम्हारे हर सफर में साथ हूं और तुम्हें बेहद प्यार करता हूं, दिल से और अपनी आत्मा से। जितना मां-पापा खुद को तुम्हारा अभिभावक मानते हैं उतना ही मैं भी खुद को इसी जगह पर देखता हूं। इसलिए मुझे लगता है कि मुझे तुमसे उस विषय पर बात करनी चाहिए जिसके बारे में दुनिया के हर मां-बाप को अपने बच्चों से बात करनी चाहिए।

निश्चित रूप से मां और तुम्हारे स्कूल के टीचर्स ने यह बताया होगा कि तुम्हारा शरीर क्यों और कैसे विकसित हो रहा है और न्यूक्लियर पावर प्लांट की तरह बनता जा रहा है जो अब पूरी जिंदगी हर महीने में कुछ दिनों के लिए धमाका करता रहेगा। इसके साथ ही मैं सेक्सुअल हेल्थ से जुड़े उस विषय पर बात करने जा रहा हूं जिसे लगातार नजरअंदाज किया जाता रहा है। मैं यहां हस्तमैथुन के बारे में बात करने जा रहा हूं।
हां, हस्तमैथुन।

‘मुझे ये सब बताने वाला कोई नहीं था’

प्लीज ऐसे मत रिएक्ट करना कि तुमने पहली बार ये शब्द सुना है। तुम और तुम्हारे दोस्तों ने इस बारे में बात की होगी, गॉसिप किए होंगे और ऐसा भी हो सकता है कि तुम्हें इसके बारे में गलत जानकारी दी गई हो। जो तुम जानती हो वो हो सकता है कि गलत हो। गलत जानकारी की वजह से तुम खुद को छूने से बचोगी जबकि तुम्हारा शरीर यह चाहता है।

तुम किसी तरह से घबराओ या बुरा महसूस करो उससे पहले मैं तुम्हें बताना चाहता हूं कि तुम इकलौती नहीं हो। मैं भी इस स्थिति में पांच साल पहले रहा हूं। मेरे भी दिमाग में हजारों सवाल थे। दुर्भाग्य से मेरे पास कोई नहीं था जो सही जवाब दे सके या मुझे सही तरीका समझा सके। इसलिए मैंने खुद से यह सब पढ़ने और समझने की कोशिश की। मैं नहीं चाहता कि मेरे जैसी स्थिति में तुम भी रहो। मैं तुम्हें वह सब बताना चाहता हूं।

…तो इसलिए महिलाओं के लिए टैबू है हस्तमैथुन

खुद को छूना सही है। हो सकता है तुम्हारी सेक्सुअल डिजायर कुछ अजीब हों, तुम्हारे सपने क्रेजी हों, लेकिन यह सब सही है। दरअसल, हस्तमैथुन न सिर्फ सही है बल्कि हमारे स्वास्थ्य के लिए जरूरी भी है। इससे तुम्हें अपने शरीर को ज्यादा जानने का मौका मिलता है। तुम्हें अपनी जरूरतें पता चलेंगी और तुम्हें यह पता चलेगा कि कब दर्द होता है और कब तुम आनंद महसूस करती हो। इससे न सिर्फ तुम्हें एनर्जी का अहसास होगा बल्कि तुम अपनी मर्जी से चल सकोगी। यही वजह है कि शायद हस्तमैथुन खासकर महिलाओं के लिए एक टैबू माना जाता है।

‘सबके शरीर की कुछ जरूरतें होती हैं’

इससे इस बात का भी अहसास होता है कि महिलाओं के पास भी कुछ इच्छाएं होती हैं। वह भी खुद को संतुष्ट कर सकती हैं बिना किसी पुरुष के। कोई आपको ऑब्जेक्ट के तौर पर समझने लगे। अगर लड़के यह कर सकते हैं, खुलेआम इसके बारे में बात भी करते हैं तो लड़कियां क्यों नहीं। सभी मनुष्य हैं और सबके शरीर की कुछ जरूरतें होती हैं जिन्हें पूरा किया जाना जरूरी है। इसके अलावा, यहां तुम्हें किसी से अनुमति लेने की जरूरत नहीं है । यहां सिर्फ तुम्हारी मर्जी है। एक बात यह भी है कि तुम अपनी इच्छाओं और जरूरतों के बारे में अपने पार्टनर से खुलकर बात कर सकोगी। इससे स्ट्रेस भी खत्म होगा और तुम्हें अच्छा भी महसूस होगा।

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