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विपिन रावत कहते हैं, चीन ने भारत में कहीं भी कब्ज़ा नहीं किया, PM कहते हैं, सीमा मे कोई घुसा ही नही : पाकिस्तानी F-16 को मार गिराने की कहानी कितनी सच है!

पाकिस्तान ने भारत के उन दावों को एक बार फिर ख़ारिज किया है, जिसमें कहा गया कि विंग कमांडर से ग्रुप कैप्टन बने अभिनंदन वर्तमान ने फ़रवरी 2019 में पाकिस्तान के एक एफ़16 फाइटर जेट को मार गिराया था.

दरअसल भारतीय वायुसेना के ग्रुप कैप्टन अभिनंदन वर्तमान को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने 2019 में पाकिस्तान के साथ हुए डॉगफ़ाइट में अदम्य साहस और बहादुरी का प्रदर्शन करने के लिए वीर चक्र से सम्मानित किया है.

भारत में उनकी तारीफ की जा रही है तो पाकिस्तान ने भारत के दावे पर सवाल उठाए हैं.

14 फ़रवरी 2019 को पुलवामा में सीआरपीएफ़ के काफ़िले पर हुए हमले में 40 से अधिक जवानों के मारे जाने के दो हफ़्ते बाद भारत ने दावा किया कि 26 फ़रवरी को भारतीय वायु सेना ने रात के अंधेरे में नियंत्रण रेखा पार करके बालाकोट में आतंकवादी संगठन जैश-ए-मोहम्मद के ‘प्रशिक्षण शिविरों’ पर सिलसिलेवार ‘सर्जिकल स्ट्राइक’ किया है.

इसके अगले दिन पाकिस्तान की वायु सेना के विमान भारतीय सीमा में दाखिल हुए और डॉगफ़ाइट में भारतीय वायु सेना के तत्कालीन विंग कमांडर अभिनंदन वर्तमान का लड़ाकू विमान क्रैश हो गया और वो पाकिस्तान की सीमा में पहुंच गए थे. जहां पाकिस्तान के सैनिकों ने उन्हें पकड़ लिया, हालांकि दो दिन बाद 1 मार्च 2019 को वे रिहा कर दिए गए और उन्हें भारतीय अधिकारियों के सुपुर्द कर दिया गया था.

तब भारत ने दावा किया था कि विंग कमांडर अभिनंदन वर्तमान ने अपने मिग-21 विमान से पाकिस्तान की एयरफ़ोर्स के एक एफ़-16 विमान को मार गिराया था.


पाकिस्तान ने क्या कहा?

पाकिस्तान की ताज़ा प्रतिक्रिया भारत के उसी दावे को लेकर है. पाकिस्तान पहले भी इस दावे को ग़लत बता चुका है.

पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने अपने बयान में कहा, “पाकिस्तान, भारत के उस आधारहीन दावे को साफ़ तौर पर पूरी तरह से ख़ारिज करता है कि एक भारतीय पायलट ने पाकिस्तान का एक एफ़16 विमान मार गिराया था.”

बयान में यह भी दावा किया गया कि पाकिस्तान के सभी एफ़16 विमानों को देखने के बाद अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञ और अमेरिकी अधिकारी पहले ही पुष्टि कर चुके हैं कि उस दिन कोई भी पाकिस्तानी एफ़-16 विमान को नहीं मार गिराया गया था.

पाकिस्तान का कहना है, “भारत का दावा झूठा और काल्पनिक कहानियों का आदर्श उदाहरण है जो अपने लोगों को ख़ुश करने और उस अपमान को छुपाने के लिए दिया गया है.”

पाकिस्तान ने कहा कि “वीरता के ‘काल्पनिक कारनामों’ के लिए इस तरह सैन्य सम्मान दिया जाना सेना के मूल्यों और मानदंडों के विरूद्ध है. भारत ने यह सम्मान देकर अपना ही मजाक बनाया है.”

बयान में अभिनंदन की रिहाई को लेकर कहा गया, “पायलट (अभिनंदन वर्तमान) की रिहाई भारत की शत्रुतापूर्ण और ग़लत सोच से प्रेरित आक्रामक कार्रवाई के बावजूद शांति बनाए रखने की पाकिस्तान की इच्छा का सबूत थी.

पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने अपने बयान में कहा कि “27 फ़रवरी 2019 को पाकिस्तान की वायु सेना ने भारत के दो विमानों मार गिराया था, जिनमें से एक मिग-21 बाइसन था जो पाकिस्तान प्रशासित कश्मीर में गिरा था. पायलट को पाकिस्तानी सेना ने पकड़ लिया था जिसे बाद में सद्भावना के आधार पर रिहा कर दिया गया था. पाकिस्तान वायुसेना ने एक और भारतीय विमान सुखोई30 एमकेआई को मार गिराया, जो भारतीय क्षेत्र में जाकर गिरा था. उसी दिन बाद में भारत ने अपने ही हेलीकॉप्टर एमआई17 को श्रीनगर के पास ग़लती से मार गिराया. जिसे शुरू में इनकार के बाद भारत ने बाद में स्वीकार कर लिया.”

पाकिस्तान से लौटने के बाद अभिनंदन के विमान उड़ाने को लेकर कई आशंकाएं थीं. लेकिन छह महीने बाद ही उन्होंने फिर से उड़ान भरी. इसी महीने (नवंबर 2021 में) उन्हें ग्रुप कैप्टन के पद पर प्रमोट भी किया गया है.

वीर चक्र के प्रशस्ति पत्र में लिखा गया है कि भारतीय वायु सेना के लड़ाकू पायलट को डॉगफ़ाइट के दौरान “कर्तव्य की असाधारण भावना” प्रदर्शित करने के लिए भारत के तीसरे सबसे बड़े युद्धकालीन वीरता पदक से सम्मानित किया गया है.

राष्ट्रपति भवन की ओर से किए गए ट्वीट में लिखा गया, “राष्ट्रपति कोविंद ने विंग कमांडर (अब ग्रुप कैप्टन) अभिनंदन वर्तमान को वीर चक्र प्रदान किया है. उन्होंने अदम्य शौर्य और साहस दिखाया, व्यक्तिगत सुरक्षा की परवाह न करते हुए शत्रु के सामने वीरता प्रदर्शित की और कर्तव्य की असाधारण भावना का प्रदर्शन किया.”

President of India
@rashtrapatibhvn
President Kovind presents Vir Chakra to Wing Commander (now Group Captain) Varthaman Abhinandan. He showed conspicuous courage, demonstrated gallantry in the face of the enemy while disregarding personal safety and displayed exceptional sense of duty.

केंद्र सरकार ने वर्तमान को वीर चक्र देने के फ़ैसले का एलान 2019 में ही किया था.

सोशल मीडिया पर छिड़ी बहस

अभिनंदन वर्तमान को वीर चक्र से सम्मानित किए जाने पर सोशल मीडिया पर कई तरह की प्रतिक्रियाएं आ रही हैं. यहां भारत-पाकिस्तान के यूज़र्स अपने अपने देश के समर्थन में तर्क दे रहे हैं.

पाकिस्तान के सोशल मीडिया यूज़र्स इस सम्मान की हक़ीकत और भारत के दावों पर सवाल उठा रहे हैं तो भारत के समर्थक अभिनंदन के साहस और बहादुरी की तारीफ़ कर रहे हैं.

पाकिस्तान के केंद्रीय सूचना प्रसारण मंत्री फ़वाद चौधरी लिखते हैं, “अभिनंदन के दिमाग़ में ये चल रहा होगा ‘मुझे किधर ले जा रहे हो मैंने क्या किया… भारत के राष्ट्रपति भवन में कॉमेडी फ़िल्म की शूटिंग की गई.”


Ch Fawad Hussain
@fawadchaudhry
Abhi Nandan in his mind “Mujhe kidher le ja rahay ho mein ne kia kia”… Comedy movie shooting scene filmed in Indian President House #abhinandan

एशिया प्रोग्राम के उपनिदेशक माइकल कुगलमैन ने ट्वीट किया कि “आज भारत के फ़ाइटर पायलट को पाकिस्तान के एफ़16 जेट को मार गिराने के लिए सैन्य सम्मान दिया गया जिसके बारे में अमेरिकी अधिकारियों ने दावा किया था कि वो वास्तव में नहीं मार गिराया गया था.”

Michael Kugelman
@MichaelKugelman
To recapitulate: Today an Indian fighter pilot received a prestigious military award for shooting down a Pakistani F-16 jet that US officials would later claim was not actually shot down.

इस पर एक भारतीय यूज़र ने लिखा, “अपने औद्योगिक कारणों से अमेरिका कभी भी कुछ और दावा क्यों करेगा? लेकिन आपने तो दावा किया था कि एक नहीं दो भारतीय विमानों को आपने मार गिराया है और दो पायलट गिरफ़्तार किए गए. लेकिन बाद में अपने दावों से पलट गए.”

जर्मनी में पाकिस्तान के राजदूत डॉ. मोहम्मद फ़ैसल लिखते हैं, “राष्ट्रीय आपदा- अपने ही विमान को छोटे टुकड़ों में मार गिराने और युद्ध बंदी बनने के लिए सम्मानित किया गया.”

वहीं एक अन्य पाकिस्तानी यूज़र ने लिखा, “अभिनंदन अवार्ड पाने के हक़दार थे लेकिन एफ़16 को मार गिराने के लिए नहीं, जो कभी हुआ ही नहीं, बल्कि दुश्मन के हवाई इलाके में ख़तरों से बिना डरे घुसने के लिए दिया जाना चाहिए था. एक योग्य शत्रु का हमेशा सम्मान किया जाना चाहिए.”

रक्षा मामलों की विशेषज्ञ आयशा सिद्दीका लिखती हैं, “सैन्य पुरस्कारों के साथ समस्या ये है कि उन्हें बेमतलब दिया जाता है. मुझे ग्वाटेमाला में अमेरिकी दखल के बाद दिए गए अवार्ड्स की याद आ रही है. जितने सैनिक उस कार्रवाई में शामिल थे, उससे अधिक अवार्ड्स दिए गए थे.”

क्या एफ़16 क्रैश हुआ था?

अप्रैल 2019 में अमेरिका की प्रतिष्ठित पत्रिका ‘फॉरेन पॉलिसी’ ने एक लेख में लिखा था कि “अमरीकी रक्षा विभाग के अधिकारियों ने हाल ही में पाकिस्तान के एफ़-16 लड़ाकू विमानों की गिनती की है और उनकी संख्या पूरी है.”

फॉरेन पॉलिसी मैगज़ीन के मुताबिक एफ़-16 लाइन ऑफ़ कंट्रोल के ऊपर तो डॉग फ़ाइट में इस्तेमाल हुआ और और उसने एआइएम-20 मिसाइल भी फायर किया, मगर ये मिसाइल पाकिस्तानी इलाक़े से आत्मरक्षा में फ़ायर हुआ या भारतीय कश्मीर के अंदर जा कर फ़ायर किया गया, इस बारे में यकीन से कुछ नहीं कहा जा सकता.

तब पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान ख़ान ने भी ट्वीट कर कहा था, “सच की हमेशा जीत होती है और यही श्रेष्ठ नीति है. युद्ध का उन्माद फैला कर चुनाव जीतने का बीजेपी का प्रयास और पाकिस्तान के एफ-16 लड़ाकू विमान को मार गिराने का झूठा दांव उल्टा पड़ गया है. अमरीकी अधिकारियों ने भी पुष्टि कर दी है कि पाकिस्तानी बेड़े से कोई एफ-16 गायब नहीं है.”

Imran Khan
@ImranKhanPTI
The truth always prevails and is always the best policy. BJP’s attempt to win elections through whipping up war hysteria and false claims of downing a Pak F 16 has backfired with US Defence officials also confirming that no F16 was missing from Pakistan’s fleet.

अमेरिका भी इस खबर को गलत बतलाता आ रहा है…

Beniyam Tajzeea
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जहाँ तक अमेरिका निर्मित विमान F 16 का सवाल है ? ये एक बेहतरीन विमान है डिस्कवरी चँनल पर इस विमान के हर अंग की जानकारी एडवांस वेपन कार्यक्रम मे लगभग दो दशक पहले बताई गई थी…

इस विमान को पाकिस्तान को देने की शर्तो को अगर देखा जाए तो पाकिस्तान इस विमान से भारत पर कभी भी हमला नही कर सकता…

पुलवामा के बाद अमेरिका का सँटेलाईट केमरा पूरी तरह से भारत पाक सीमा पर ही था…

अमेरिका के दिये इस विमान मे अमेरिका ने जो टेक्नोलॉजी अलग से बिठाई है उस के जरीये अमेरिका द्वारा पाकिस्तान को दिये गए हर विमान की लोकेशन और गतिविधियों पर नजर रख सकता है और यही वजह थी के पिछले दिनो पाकिस्तान चायना के युध्द अभ्यास मे F16 को शामिल नही किया गया था…


F16 और उस से अगली जनरेशन के सभी विमान बेहतरीन है…

जिन लोगो को बाँम्बर विमानो के बारे मे थोडा बहुत ज्ञान है वो लोग इस बात को कभी नही मानेंगे के F16 को गिराया गया हो…

इस विवाद मे जाए बगैर ये कहा जा सकता है के पाकिस्तान के पास चायना की वो टेक्नोलॉजी है जो सामने वाले विमान का संपर्क अपने कंट्रोल रूम से तोड कर जैम कर देती है…

और इस कवर फायर की वजह से पाकिस्तान मे निर्मित JF17 ऊन दिनो आकाश मे ऊड रहा था…

और इसी घटना को कैपिटल बना कर पाकिस्तान बाँम्बर विमान JF17 थंडर का बिक्रेता बन गया…

रफेल से 3 गुना सस्ते 50 JF17 विमानो को अगले कुछ मे पाकिस्तान बेच सकता है…

वो थिंक टैंक जो अंबानी के फायनांस से चलता है उस ने भी साल भर पहले F16 विमान को गिराए जाने की खबर को गलत बताया था…

अमेरिका भी इस खबर को गलत बतलाता आ रहा है…

उस दिन क्या हुवा था ये सच्चाई अभिनंदन ही बतला सकते…

सीमा मे कोई घुसा ही नही ऐसा कहेने वाले खानदानी झूठे व्यक्ति पर कैसे विश्वास किया जा सकता है ?

मगर 27 फरवरी की घटना के बाद से पाकिस्तान बहुत ज्यादा आत्मविश्वास मे नजर आता है…

डिस्क्लेमर : इस आलेख में व्यक्त किए गए विचार, जानकारियां लेखक के निजी विचार हैं. लेख सोशल मीडिया फेसबुक/व्हाट्सप्प पर वायरल है, इस आलेख में दी गई किसी भी सूचना की सटीकता, संपूर्णता, व्यावहारिकता अथवा सच्चाई के प्रति तीसरी जंग हिंदी उत्तरदायी नहीं है. इस आलेख में सभी सूचनाएं ज्यों की त्यों प्रस्तुत की गई हैं. इस आलेख में दी गई कोई भी सूचना अथवा तथ्य अथवा व्यक्त किए गए विचार तीसरी जंग हिंदी के नहीं हैं, तथा तीसरी जंग हिंदी उनके लिए किसी भी प्रकार से उत्तरदायी नहीं है

भारतीय सेना की ओर से भी F16 को गिराने का दावा किया गया था, दावे के मुताबिक सेना ने बाक़ायदा मीडिया के सामने पाकिस्तान के F-16 के कुछ पार्ट्स भी प्रस्तुत किये थे, उस समय भारतीय सेना के प्रमुख विपिन रावत थे जोकि इस समय तीनों सेनाओं के प्रमुख हैं, CDS विपिन रावत ने हाल ही में कहा है कि चीन की ओर से भारत की ज़मीन पर कहीं भी कब्ज़ा नहीं किया गया है, जबकि दुनियांभर का मीडिया और विशेषज्ञ तक़रीबन दो साल से कहा रहे हैं कि चीन ने लद्दाख में बड़े भाग पर कब्ज़ा कर रखा है यही नहीं अरुणांचल प्रदेश में चीन ने कई गॉंव भारत की सीमा के अंदर बसा लिए हैं और तक़रीबन 100 किलोमीटर भारत की सीमा के अंदर घुस चुका है

After India puts out proof, US seeks more information on potential misuse of F-16 aircraft by Pakistan

“There is enough evidence to show that F-16s were used in this mission and Pakistan is trying to hide this fact. Also, parts of AMRAAM air-to-air missile, which is carried only on the F-16s in PAF, were recovered east of Rajouri within Indian territory,” Air Vice Marshal R G K Kapoor had said.

By: Express Web Desk
New Delhi
March 2, 2019

A day after India raked up contract details between the United States and Pakistan on the AMRAAM missile fired from an F-16 aircraft and shared the information with American interlocutors to bolster its case about the misuse of the fighter aircraft against India, the US Saturday sought more information on the matter.

“We are aware of these reports and are seeking more information on the potential misuse of American-made F-16 fighter jets by Pakistan against India in violation of the end-user agreement,” PTI quoted US State Department as saying.

“Due to non-disclosure agreements in Foreign Military Sales contracts, we cannot discuss the specifics of end user-agreements contained within,” Lt Col Kone Faulkner, a Defense Department spokesperson told PTI.

On Thursday, Indian Air Force (IAF) presented parts of a fired AMRAAM missile — which can only be fired from an F-16 aircraft— as evidence to “conclusively” prove that Pakistan deployed US-manufactured F-16 fighter jets during an aerial raid targeting Indian military installations in Kashmir after India’s anti-terror operation in Balakot.

“There is enough evidence to show that F-16s were used in this mission and Pakistan is trying to hide this fact. Also, parts of AMRAAM air-to-air missile, which is carried only on the F-16s in PAF, were recovered east of Rajouri within Indian territory,” Air Vice Marshal R G K Kapoor had said on Thursday at a joint briefing by the armed forces where parts showing the cover and serial number markings were displayed.

Sources had told The Indian Express the contract details and the part of the missile show the use of F-16s in the air strike since the US, which sold the fighter jets to Pakistan, does not allow these platforms to be used in an offensive role.

On Wednesday, Pakistan said that no F-16 fighter jets were used and denied that one of its planes had been downed by the Indian Air Force. It claimed that no F-16 was part of the operation — any such admission would violate US sale conditions of not letting Pakistan use F-16s in an offensive role.

In 2016, India had strongly opposed the US decision to sell eight F-16s to Pakistan, which also could not pass the muster in US Congress for Foreign Military Funding. This meant that the order was never placed.

The United States, which is the largest seller of high-tech defence equipment globally, and has a strong end-user monitoring agreement, as a matter of practice takes all allegations of misuse of defence articles very seriously. But before making any judgement or arriving at any conclusion, it needs to establish some facts on the ground, if there has been any violation by Pakistan to the F-16 end-user agreement it signed by the United States.

F-16 jets were meant to be used to “enhance Pakistan’s ability to conduct counter-insurgency and counterterrorism operations,” PTI quoted Pentagon’s Defense Security and Cooperation Agency (DSCA) as saying. Publicly available documents reveal that the US has imposed nearly a dozen restriction on Pakistan related to its use of F-16.

AMRAAM missiles allow a fighter pilot to target an enemy aircraft that is beyond visual range, in day or night, and in all-weather conditions. The AMRAAM has an autonomous guidance capability, which allows the pilot to manoeuvre immediately after the missile’s launch.

Shiv Aroor
@ShivAroor
Happy birthday to Group Captain Anupam Banerjee, IAF spokesperson — MiG-27 pilot who flew strike missions during the Kargil war, and more recently in the papers for holding up Pakistan’s AMRAAM debris at that famous press conference. Have a great year!

 

 

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