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उत्‍तर कोरिया ने ऐलान किया, ”वह अब एक परमाणु हथियार संपन्‍न राष्‍ट्र है”, आत्मरक्षा में किसी भी देश पर परमाणु हमला कर सकता है

उत्तर कोरिया ने ख़ुद को परमाणु शक्ति घोषित करते हुए एक नया क़ानून पारित किया है, जिसमें कहा गया है कि वह आत्मरक्षा में किसी भी देश द्वारा उत्पन्न ख़तरों का मुक़ाबला करने के लिए परमाणु हमला शुरू कर सकता है।

प्राप्त रिपोर्ट के मुताबिक़, उत्‍तर कोरिया ने एक नया कानून पारित करके ऐलान किया है कि वह अब एक परमाणु हथियार संपन्‍न राष्‍ट्र है। उत्‍तर कोरिया के नेता किम जोंग उन ने कहा है कि इसे कभी ‘बदला’ नहीं जा सकेगा। किम जोंग ने यह भी प्रण किया कि हमारा देश कभी भी अपने परमाणु हथियारों को नहीं छोड़ेगा। उन्‍होंने कहा कि परमाणु हथियार विहिन करने को लेकर कोई बातचीत नहीं होगी। किम जोंग ने इस क़ानून को पारित किए जाने की जमकर प्रशंसा की। इस नए क़ानून में उत्‍तर कोरिया ने कहा है कि उसे अपनी सुरक्षा के लिए परमाणु हथियारों के पहले इस्‍तेमाल का अधिकार है। उत्‍तर कोरिया ने परमाणु हथियारों को लेकर चली आ रही अपनी नीति में यह बड़ा बदलाव किया है। इससे पहले उत्‍तर कोरिया का कहना था कि वह अपने हथियारों को तब तक रखेगा जब तक कि अन्‍य देश इसे ख़त्‍म नहीं कर देते हैं। उसका पहले यह भी कहना था कि ग़ैर परमाणु हथियार संपन्‍न राष्‍ट्र पर उत्‍तर कोरिया पहले परमाणु हमला नहीं करेगा। किम ने कहा क‍ि परमाणु हथियार किसी देश की प्रतिष्‍ठा और संपूर्ण ताक़त का प्रतीक हैं।

इससे पहले सुप्रीम पीपुल्‍स असेंबली ने ध्‍वनिमत से इस क़ानून को पारित किया था। किम ने कहा कि राष्‍ट्रीय परमाणु बल की नीति के लिए क़ानून और नियमों को स्‍वीकार करना महत्वपूर्ण और आवश्यक होता है। यह हमारी घोषणा है कि हमने क़ानूनी तरीक़े से युद्ध के ख़िलाफ़ प्रतिरोधक क्षमता हासिल की है जो राष्‍ट्रीय सुरक्षा का एक साधन है।’ उन्‍होंने कहा कि जब तक धरती पर परमाणु बम बने रहेंगे, साम्राज्‍यवाद और उत्‍तर कोरिया विरोधी क़दम अमेरिका और उसके समर्थकों के उठते रहेंगे। परमाणु बल को मज़बूत करने का हमारा रास्‍ता कभी ख़त्‍म नहीं होगा।’ उन्होंने कहा कि परमाणु हथियारों को लेकर प्रतिस्प्रर्धा किसने शुरू की यह बात किसी से ढकी छिपी नहीं है। आज जो देश और शासन हमारे परमाणु हथियारों पर सवाल उठा रहे हैं पहले वे अपने हथियारों के भंड़ार में हज़ारों की संख्या में मौजूद परमाणु हथियारों को नष्ट करें। उत्‍तर कोरिया के इस नए क़ानून में परमाणु तकनीक को अन्‍य देशों को साझा करने पर भी प्रतिबंध लगाया गया है।